झाबुआ
*वन भूमि पर गौ-वंश हत्या व मांस तस्करी का मामला उजागर*
*हिंदू युवा जनजाति संगठन ने एसडीएम कार्यालय का पहुच कर सौंपा ज्ञापन*

झाबुआ / जिले के मेघनगर के ग्राम सजेली नान्यासाथ की वन भूमि में लंबे समय से चल रही गौ-वंश हत्या व मांस तस्करी की गतिविधि सामने आने के बाद क्षेत्र में आक्रोश फैल गया। मामले के संज्ञान में आते ही हिंदू युवा जनजाति संगठन, मध्य भारत के सैकड़ों कार्यकर्ता सोमवार को मेघनगर एसडीएम कार्यालय पहुंचे और एसडीएम रितिका पाटीदार को ज्ञापन सौंपकर उच्च-स्तरीय जांच की मांग की।
संगठन के पदाधिकारियों ने बताया कि जिस क्षेत्र में गौ-वंश की अवैध हत्या की जा रही थी, वहाँ हजारों की संख्या में सींग, खुर, लीद व अन्य अवशेष पड़े पाए गए। ग्रामीणों के अनुसार यह कार्य लगभग 10 वर्षों से चल रहा है, लेकिन पुलिस व वन विभाग को इसकी भनक तक नहीं लगी, जिससे संबंधित विभागों की भूमिका पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं।

ज्ञापन में कहा गया कि यह क्षेत्र पुलिस थाना मेघनगर एवं वन विभाग के अधीन आता है, ऐसे में बीट प्रभारी पुलिसकर्मी और वन कर्मियों की ड्यूटी पर भी संदेह उत्पन्न होता है। संगठन ने आशंका जताई कि क्या इन अधिकारियों की लापरवाही या संरक्षण के कारण यह अवैध काम सालों से बिना रोक-टोक चलता रहा?
मौके से एक महत्वपूर्ण डायरी भी बरामद हुई है, जिसमें कई व्यक्तियों के नाम दर्ज बताए जा रहे हैं। संगठन ने मांग की कि डायरी में दर्ज सभी नामों की कड़ी पूछताछ कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की जाए।

हिंदू युवा जनजाति संगठन ने प्रशासन को दिए ज्ञापन में कहा कि इस पूरे मामले में उच्च स्तरीय जांच समिति गठित कर सभी पहलुओं की जांच कराई जाए, साथ ही दोषी पाए जाने वाले पुलिस, वन विभाग के अधिकारी-कर्मचारियों सहित सभी संबंधित लोगों पर कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाए।



