झाबुआ

“लोकतांत्रिक मूल्यों के संकल्प के साथ मांडली स्कूल में मनाया संविधान दिवस”

“संविधान: अधिकार, कर्तव्य और अनुशासन – मांडली विद्यालय में प्रेरक आयोजन”

झाबुआ (सिंघम न्यूज़ ) संविधान दिवस के अवसर पर शासकीय उच्चतर माध्यमिक विद्यालय मांडली में विभिन्न कार्यक्रमों का भव्य आयोजन किया गया। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए प्राचार्य विनोद कुमार बसोड़ ने विद्यार्थियों को संविधान की महत्वत्ता पर संबोधित किया। उन्होंने कहा कि “भारतीय संविधान केवल अधिकारों का संकलन ही नहीं, बल्कि कर्तव्यों, अनुशासन और आत्मबोध का मार्गदर्शक भी है। यह विश्व के सबसे सशक्त लोकतंत्र की मिसाल है।”

कार्यक्रम के दौरान विद्यालय परिवार ने संविधान निर्माता डाॅ. भीमराव अम्बेडकर को नमन करते हुए लोकतांत्रिक मूल्यों के संरक्षण का संकल्प लिया। सभी विद्यार्थियों एवं शिक्षकों ने संविधान की प्रस्तावना पर आधारित शपथ ग्रहण की।

विद्यालय में संविधान दिवस के उपलक्ष्य में निबंध लेखनप्रश्न–मंच, तथा विविध ज्ञानवर्धक गतिविधियों का आयोजन किया गया, जिनमें विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक सहभागिता की। शिक्षक प्रहलाद सिंह सिसोदिया, ने कहा की 26 नवंबर 1949 को भारत की संविधान सभा ने संविधान को अपनाया और यह 26 जनवरी 1950 से लागू हुआ था। हर वर्ष 26 नवंबर को संविधान दिवस मनाया जाता है। भारत का संविधान देश को एक संप्रभु, धर्मनिरपेक्ष, समाजवादी और लोकतांत्रिक गणराज्य घोषित करता है। इस अवसर पर शिक्षक आशीष बसोड़, राकेश सर, कमलेश चरपोटा, सुरेश मुणिया, पंकज मुणिया आदि ने विद्यार्थियों को मौलिक अधिकारों, कर्तव्यों, राजनीतिक मूल्यों तथा संविधान से जुड़े महत्वपूर्ण नियमों की जानकारी प्रदान की।

कार्यक्रम का संचालन श्री सिसोदिया ने किया तथा आभार प्रदर्शन नितिन नायक द्वारा किया गया।
संविधान दिवस के इस आयोजन में प्राचार्य, शिक्षक–शिक्षिकाओं एवं सैकड़ों विद्यार्थियों की उपस्थिति उल्लेखनीय रही।

Related Articles

Back to top button
error: Content is protected !!
× Contact us