₹5.74 करोड़ का सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र बना शोपीस,
9 महीने बाद भी बंद बिस्तर नहीं, ज़मीन पर हो रही प्रसूताएं... नवजातों की किलकारियों को इंतज़ार

झाबुआ | पिटोल से निर्भयसिंह ठाकुर
झाबुआ जिले के पिटोल में स्वास्थ्य व्यवस्था पर गंभीर सवाल खड़े हो रहे हैं। करीब ₹5 करोड़ 74 लाख की लागत से बना 30 बिस्तरों वाला नवीन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र मुख्यमंत्री द्वारा 9 माह पूर्व वर्चुअल लोकार्पित किए जाने के बावजूद आज तक शुरू नहीं हो सका है। परिणामस्वरूप, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में प्रसूताओं को पर्याप्त बिस्तर नहीं मिलने से पिछले 12 दिनों से महिलाओं की डिलीवरी ज़मीन पर करानी पड़ रही है।
वर्तमान में पिटोल का प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र केवल 6 बिस्तरों की क्षमता वाला है, जबकि यहां प्रतिदिन 10 से अधिक प्रसूतियां होती हैं। जगह की भारी कमी के कारण अस्पताल प्रबंधन मजबूरी में महिलाओं को फर्श पर लिटाकर प्रसव कराने को विवश है। इससे प्रसूताओं और नवजात शिशुओं के स्वास्थ्य, स्वच्छता और सुरक्षा को लेकर गंभीर चिंताएं खड़ी हो गई हैं।
स्थिति तब और अधिक चौंकाने वाली हो जाती है, जब अस्पताल का आधा सामान पहले ही नए भवन में पहुंचाया जा चुका है। बावजूद इसके, करोड़ों की लागत से निर्मित आधुनिक भवन अब भी मरीजों के उपयोग से दूर है और नवजातों की किलकारियों का इंतजार कर रहा है।
गौरतलब है कि 12 जून को जिला कलेक्टर डॉ. भरसट ने आकस्मिक निरीक्षण के दौरान नए भवन का अवलोकन कर इसे शीघ्र शुरू करने के निर्देश दिए थे। लेकिन लगभग एक माह बीत जाने के बाद भी भवन चालू नहीं हो पाया। ऐसे में क्षेत्र में यह सवाल उठ रहा है कि मुख्यमंत्री के लोकार्पण के बाद आखिर अब किसके फीता काटने का इंतजार किया जा रहा है?

सीमावर्ती क्षेत्र का सबसे व्यस्त स्वास्थ्य केंद्र
मध्यप्रदेश-गुजरात सीमा पर स्थित पिटोल प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र जिले के सबसे व्यस्त स्वास्थ्य केंद्रों में शामिल है। यहां हर माह 300 से अधिक प्रसूतियां होती हैं। मध्यप्रदेश के साथ-साथ गुजरात के सीमावर्ती क्षेत्रों से भी बड़ी संख्या में महिलाएं प्रसव के लिए यहां पहुंचती हैं। सीमित संसाधनों के बावजूद बेहतर सेवाओं के लिए इस स्वास्थ्य केंद्र को कई बार सम्मान भी मिल चुका है।
9 माह पहले हुआ था लोकार्पण
12 सितंबर 2025 को पेटलावद में आयोजित कार्यक्रम के दौरान मुख्यमंत्री ने पिटोल के इस नवीन सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र का वर्चुअल लोकार्पण किया था। कार्यक्रम में मंत्री निर्मला भूरिया, मंत्री कुंवर विजय शाह, सांसद अनिता चौहान, भाजपा जिलाध्यक्ष भानू भूरिया तथा जिला पंचायत अध्यक्ष सोनल भाबर सहित कई जनप्रतिनिधि मौजूद थे
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प्रभारी चिकित्सक का पक्ष
प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र के प्रभारी डॉ. विजेंद्र मेरावत ने बताया कि नए भवन में शिफ्टिंग की प्रक्रिया जारी है और जल्द ही सभी औपचारिकताएं पूरी कर अस्पताल को संचालित कर दिया जाएगा।
अब सबसे बड़ा सवाल यही है कि जब करोड़ों की लागत से बना भवन तैयार है और उसका लोकार्पण भी हो चुका है, तो आखिर क्षेत्र की माताओं और नवजातों को बेहतर सुविधाओं के लिए और कितने दिन इंतजार करना पड़ेगा?



